हमारा दृष्टिकोण / Our Vision
यह पत्रिका केवल शतरंज से संबंधित सामग्री प्रस्तुत करने का माध्यम नहीं है, बल्कि एक ऐसे विचार और दृष्टिकोण को सामने लाने का प्रयास है, जो जीवन, शिक्षा और संस्कार को गहराई से समझने में सहायक हो।
शतरंज : एक जीवन-दर्शन
हमारे लिए शतरंज केवल एक खेल नहीं है। यह धैर्य, अनुशासन, एकाग्रता और विवेक का अभ्यास है। यह व्यक्ति को सोचने, निर्णय लेने और अपने कार्यों की जिम्मेदारी स्वीकार करने की कला सिखाता है।
इसी कारण यह पत्रिका शतरंज को एक समग्र बौद्धिक और मानसिक विकास के साधन के रूप में प्रस्तुत करती है, न कि केवल प्रतिस्पर्धा या जीत-हार के दृष्टिकोण से।
सार्थक संवाद
ऐसी बातचीत और लेखन को बढ़ावा देना जो सतही न होकर विचारशील हो, और पाठकों को आत्मचिंतन के लिए प्रेरित करे।
बौद्धिक विकास
बच्चों और युवाओं में तार्किक सोच, निर्णय क्षमता और मानसिक संतुलन को विकसित करने में सहायक बनना।
संस्कार और अनुशासन
शतरंज के माध्यम से जीवन में अनुशासन, धैर्य और नैतिक मूल्यों को स्थापित करने का प्रयास।
दीर्घकालिक उद्देश्य
यह पत्रिका किसी व्यावसायिक लाभ के लिए नहीं, बल्कि एक शैक्षिक और सामाजिक उत्तरदायित्व के रूप में प्रकाशित की जा रही है। हमारा उद्देश्य है कि शतरंज को भारतीय समाज में एक सकारात्मक, सशक्त और जीवनोपयोगी विद्या के रूप में स्थापित किया जाए।
हम आशा करते हैं कि यह प्रयास पाठकों, विद्यार्थियों, अभिभावकों और प्रशिक्षकों के लिए विचार, प्रेरणा और मार्गदर्शन का स्रोत बनेगा।